ढाल - 3, Class - 12
उपशम सम्यक दृष्टि के यदि, आदि कषाय उदयावे
सासादन दूजो गुणथान, ज्ञान अज्ञान कहावे।
अनंतानुबंधी कषाय का काज है समकत घाते
एक समय से छह आवलि पल गिरत समय ही पाते ॥६॥